जानिए रत्न कब और कैसे धारण करें और रत्न धारण करने का महत्व ।
प्राचीनकाल से ही रत्न मनुष्य के जीवन में प्रभावशाली भूमिका निभाते है, यह व्यक्ति को अपनी ओर आकर्षित करते है | रत्नो का प्रयोग आभूषणों और ज्योतिषी उद्देश्य के लिए किया जाता है | कुछ लोग इसे शोकियां तोर पर पहनते है और कुछ लोग ज्योतिष की सलाह के अनुसार | प्रत्येक ग्रह एक निश्चित रत्न के साथ जुड़ा हुआ है। ज्योतिष के अनुसार 27 नक्षत्र हैं एवं हर नक्षत्र नौ ग्रहों से जुड़ा हुआ है। इसलिए हर नक्षत्र के लिए रत्न उपलब्ध है। ज्योतिष चंद्रमा राशि या एक व्यक्ति के लग्न या फिर जन्म कुंडली में लागू होने वाले नक्षत्र के आधार पर रत्न पहनने की सलाह देते हैं| अनुभवी ज्योतिष जन्म कुंडली का विस्तारपूर्वक अध्ययन करने के बाद आपकी वर्तमान समस्या को ध्यान में रखते हुए, रत्न पहनने की सलाह देते हैं या फिर कुछ रोगों को ठीक करने और जीवन के कुछ मामलों को सुलझानें के लिए भी रत्न पहनने की सलाह देते है|किसी भी रत्न को पहनने से पहले किसी ज्योतिष से सलाह जरुर लें। कुछ परिस्थितियों में रत्न विपरीत प्रभाव भी दे सकते हैं, इसलिए बिना किसी से पूछे रत्न धारण नहीं करना चाहिए।बुधवार के दिन कनिष्ठा उंगली में पन्ना धा...